Home » Others » सही समय पर सही निर्णय से मिलेगी सफलता

सही समय पर सही निर्णय से मिलेगी सफलता

Advertisements

संजय कुमार सुमन 

sk.suman379@gmail.com 

समय कीमती है और हर किसी के लिए अमूल्य है, इसलिए हमें कभी समय बर्बाद नहीं करना चाहिए। हमें सकारात्मक ढंग से सही तरीके से समय का उपयोग करना चाहिए।आज इस आर्टिकल के माध्यम से हम सफल व्यक्ति एक विशेष गुण के बारे मे जानेंगे। यह गुण समय के महत्व को बताता हैं। सफल व्यक्ति के लिए सबसे कीमती उसका समय होता हैं जिसे वह धन से भी अधिक महत्व देता हैं। क्योंकि एक सफल व्यक्ति यह अच्छी तरह से जनता हैं की डूबा या खोया हुआ धन दुबारा से पाया जा सकता हैं। परंतु बीत गया समय वापस नहीं पाया जा सकता।

समय के बारे में एक सामान्य कहावत है कि “समय और ज्वार-भाटा कभी किसी की प्रतीक्षा नहीं करते हैं।” यह बिल्कुल पृथ्वी पर जीवन के अस्तित्व की तरह ही सत्य है, अर्थात्, जिस तरह से पृथ्वी पर जीवन का होना सत्य है, ठीक उसी तरह से यह कहावत भी बिल्कुल सत्य है। समय बिना किसी रुकावट के निरंतर चलता रहता है। यह कभी किसी की प्रतिक्षा नहीं करता है।

समय का महत्व

इसलिए, हमें जीवन के किसी भी दौर में कभी भी अपने कीमती समय को बिना किसी उद्देश्य और अर्थ के व्यर्थ नहीं करना चाहिए। हमें हमेशा समय के अर्थ को समझना चाहिए और उसी के अनुसार, इसे सकारात्मक ढंग से कुछ उद्देश्यों की पूर्ति के लिए इसका प्रयोग करना चाहिए। हमें इससे निरंतर कुछ ना कुछ सीखते रहना चाहिए यदि यह बिना किसी रुकावट के चलता रहता है, तो फिर हम ऐसा क्यों नहीं कर सकते।

हर कोई यह जरुर सोचता है की आखिर जीवन क्या है जीवन समय का वह पहिया है जिसमे इन्सान हमेशा आगे चलते हुए अपने जीवन को व्यतीत करता है और फिर एक दिन अपने जीवन की सारी कमाई को युही इस दुनिया में छोड़कर खाली हाथ चला जाता है और फिर कुछ रह जाती है तो वह है यादे, और वही लोग याद किये जाते है जो अपने जीवन को दुसरो के लिए जीते है जैसा की आप भी जानते है की जीता है हर कोई अपने लिए है लेकिन वही लोग नाम कर जाते है जो दुसरे के लिए जीना जानते है तो चलिए इसी सोच पर आधारित आप सबको एक कहानी बताने जा रहा हूँ जिससे आप सभी को जीवन में समय के महत्व को समझने के लिए काफी महत्वपूर्ण हो सकता है।हम उस समय का इस्तेमाल करते तो शायद, स्थिति कुछ और भी हो सकती थी।
एक राज्य मे एक राजा का उसके राज्य मे ही रहने वाले एक अति गरीब व्यक्ति से बहुत ही घनिष्ठ मित्रता थी। राजा मित्र के लिए चिंतित रहा करता था, राजा ने अपने मित्र को कई बार नौकरी पर लगाया पर हर बार राजा का गरीब दोस्त नौकरी छोड़ वापस गाँव आ जाया करता था।

राजा जब भी अपने उस गरीब मित्र से नौकरी छोड़ने का कारण पूछता तो वह बोलता कि लोग मुझ पर झूठे अलांछन लगते हैं, और इस लिए मैं नौकरी छोड़ देता हूँ।

एक सुबह राजा ने अपने मित्र को कहा कि दोपहर तक के लिए मैं अपने शाही खजाने के दरवाजे तुम्हारे लिए खोल देता हूँ तुम जितना धन एक बार मे अपने साथ ले जा सकते हो, ले जाओ। जिससे तुम्हारी यह गरीबी दूर हो सके और तुम्हारे परिवारजनो का भरण-पोषण हो सके।

गरीब खुशी खुशी अपने घर आकर अपने घर मे सबको यह बात बताता हैं, घर के लोग सभी खुश हो जाते हैं और गरीब को स्नान करा भोजन करा उसे कई थैलो सहित विदा कर देते हैं। गरीब भी खुशी खुशी महल की ओर चल दिया। रास्ते मे उसने एक छाँवदार वृक्ष देखा, क्योंकि घर से वह भोजन कर के निकाला था सो उसे आलस महसूस हो रहा था। वह गरीब ने सूरज देखा तो उसे समय का भास हुआ की अभी तो सुबह के 10 बजे होंगे, वह आधे घंटे के लिए उस वृक्ष के नीचे सो गया। जब वह जागा तो वह तुरत महल की ओर चल पड़ा। राह मे जो भी उसे मिलता वह उनसे बाते करने लगता तथा बताता की आज वह राजा के यहा खजाने से मन मर्जी का धन लेने के लिए जा रहा है।

पर इन सब मे उसे समय का ज्ञान न रहा और उसने महल मे पहुचने मे 3 बजा दिये। राजा के द्वारपालों ने उसे अंदर जाने से रोक दिया और उसे बताया की राजा द्वारा दिये मौको को उसने खो दिया हैं तथा राजा की मित्रता भी आज से आपने खो दी हैं।

इसके बाद उस गरीब मित्र को अपनी इस लापरवाही और समय का महत्व को न पहचानने की गलती का सबक मिल गया पर तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

जीवन भगवान का दिया हुआ वो बहुमूल्य उपहार है जो की पैसे से ख़रीदा नही जा सकता है इसलिए जीवन बिताने के साथ साथ जीवन को जीना भी चाहिए, कल क्या होंगा किसी को पता नही लेकिन आज जो हो रहा है उसे तो अच्छी तरह से जी सकते है।

सही समय पर सही निर्णय से मिलेगी सफलता

एक इन्सान आप जीवन में चाहे कितना भी कमा ले और कितना भी बड़ा व्यक्ति क्यों न बन जाये लेकिन कभी भी अपने बीते हुए जीवन के कल को वापस नही ला सकता है। इसलिए जीवन के प्रत्येक क्षण का आनन्द ले और हमेशा खुश रहना सीखे तभी आप अपे जीवन को सार्थक तरीके से जी सकते है।जैसा कि कहा भी गया है – “जीवन बहुमूल्य है इसे व्यर्थ न जाने दे” जीवन के हर पल को खुलकर जीये तभी आप अपने जीवन से खुश हो सकते है

जीवन में सफलता के लिए समय का सदुपयोग करना चाहिए और समय के सदुपयोग के लिए मनुष्य को अपने प्रतिदिन के कार्यों का सही तरीके से विभाजन करना चाहिए। उसे इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि कौन से काम को किस समय पर कितनी देर के लिए करना है तथा किस काम पर ज्यादा समय देने की जरूरत है। किस काम को बेहतर करने की जरूरत है। उसे यह भी ध्यान देना चाहिए की दिन के समय का कौन सा भाग इधर उधर व्यर्थ में बीत जाता है, समय के उस भाग को उपयोगिता में लाने के लिए उसे योजनाबद्ध तरीके से दूसरे कामों की पूर्ति में लगाना चाहिए। इस प्रकार जो व्यक्ति अपना निश्चित कार्यक्रम बनाकर अपनी मानसिक वृतियों को एकाग्र करके समय का सदुपयोग करता है उसे अपने जीवन में सफलता अवश्य प्राप्त होती है।

सही समय पर सही निर्णय से मिलेगी सफलता

हमारे देश और समाज के प्रति भी कुछ कर्तव्य हैं जिन्हें हम सभी को समझना चाहिए। हमें अपने समय का कुछ भाग देश और समाज की सेवा में भी व्यतीत करना चाहिए। विकसित देशों के सभी नागरिक अपने इस कर्तव्य को समझते हैं और वह समय का सही तरीके से सदुपयोग करते हुए देश के अन्य नागरिकों के लिए भी अपना कुछ समय देते हैं। यही कारण है की उन देशो में गरीबी, भुखमरी और बेरोजगारी की समस्या बहुत ही कम है। अगर हम ऐसा करेंगे तो हम भी अपने देश को एक बेहतर भविष्य की तरफ अग्रसर करेंगे और प्रत्येक नागरिक के बेहतर एवं संतुलित वर्तमान और भविष्य के द्वारा हम देश को विकसित देश बना सकेंगे। हमें इस दिशा में अग्रसर रहना चाहिए। ऐसा करने से हमारी छवि समाज में एक आदर्श नागरिक के रूप में उभरेगी। जो व्यक्ति अपना समय देश हित में व्यतीत करता है वह धन्य है। मनुष्य का परम कर्तव्य है कि वह अपने समय का सदुपयोग करता हुआ अपने समाज, अपने देश और मानव जाति का कल्याण करे।

Comments

comments

Advertisements
x

Check Also

पुष्पेन्द्र की हत्या के विरोध में मुरलीगंज में सीएम का पुतला फुका गया 

रणजीत कुमार सुमन कोसी टाइम्स@मुरलीगंज,मधेपुरा मुरलीगंज में सोमवार को प्रखण्ड के विभिन्न दल के युवाओं व प्रतिनिधि के द्वारा बाजार ...