Home » Recent (Slider) » मधेपुरा:पैना में हुआ ताजदारे सिमना कॉन्फ्रेंस का आयोजन

मधेपुरा:पैना में हुआ ताजदारे सिमना कॉन्फ्रेंस का आयोजन

इमदाद आलम 

कोसी टाइम्स@चौसा,मधेपुरा

चौसा प्रखंड क्षेत्र के पैना मौला बक्स स्टेडियम में उर्स के मौके पर ताजदार ए सिमना कॉन्फ्रेंस का आयोजन हुआ जिस की सदारत  मौलाना  गुलाम दावर अशरफी ने की जिसमें मुल्क के  ऑलमा व शोरा की शिरकत हुई । उत्तर प्रदेश से आए हुए खतीब हजरत अल्लामा मौलाना फारूक अहमद बलरामपुरी ने मखदूम सिम्नानी की जिंदगी पर रोशनी डाली और उन्होंने कहा कि आज का जलसा जिनकी याद में सजाया गया है वह जात बड़ी जात है। उन्होंने कहा मखदूम ए पाक जो शिवना से तशरीफ़ लाए थे जो ईरान का इलाका है और हिंदुस्तान तशरीफ लाए उन्होंने अपनी जिंदगी में बहुत सारे लोगों को सही रास्ते पर चलने के लिए कोशिश और मेहनत की और ये बकरामत वली थे। और इनकी नस्ल हुजूर के खानदान से मिलता है यानी ये हसनी- हुसैनी सैयद थे आज साढे छह सौ वर्ष हो गया उनको पर्दा किए हुए लेकिन आज भी उनके दरबार से लोग फैज हासिल कर रहे हैं।

बनारस से आए हुए खतीब मौलाना सगीर रजा बनारसी ने कहा कि पैगंबर के घर आने के लोग कहां कहां नहीं गए और उन्ही में से यह भी मखदूम में सिमनानी की जात है और उन्होंने उनकी करामत को बयान करते हुए कहा कछौछा शरीफ में एक नीर का नदी है जिसमें हर तरह के बीमारी वाले लोग नहाते हैं और उसका पानी पीते हैं जिसकी वजह से हर एक बीमार को वहां से सफा मिलती है यह मखदूम की करामत 632 सालों से जारी हो साड़ी है। शायरी इस्लाम अजमल अजीजी बारसोई बंगाल ने नात शरीफ और मखदूम ए पाक के शान में मनकबत पढ़ कर महफिल में समाईन को बाग बाग कर दिया। इस मौके पर मुखिया प्रतिनिधि मोहम्मद शाहजहां, मौलाना ताजुद्दीन अशरफी, मोहम्मद सलाउद्दीन  मोहम्मद शादाब रजि ,शमीम उद्दीन, शमशाद आदि ने जलसे की देखभाल में मसरूफ रहे। मंच संचालक शाहबाज अख्तर पटना ने किया।

Comments

comments

x

Check Also

मधेपुरा में पहली बार हो रहे डांडिया महोत्सव की तैयारी पूरी

  मधेपुरा में आयोजित होने वाले दो दिवसीय डांडिया महोत्सव की तैयारी पूरी कर ली गयी है.जिले में पहली बार ...