Home » Breaking News » पूर्णियां:अपहरण की बात निकली झूठी, मां से रूठकर बंगाल भागा था युवक.

पूर्णियां:अपहरण की बात निकली झूठी, मां से रूठकर बंगाल भागा था युवक.

राकेश अनंत कन्हैया
कोशी टाइम्स@धमदाहा,पूर्णियां

जिस युवक के अपहरण को लेकर उसके परिजनों ने बुधवार को धमदाहा मुख्य चौराहा पर जाम व आगजनी कर घंटों उत्पात मचाया, एवं पुलिस प्रसाशन के खिलाफ नारेबाजी भी किया. असल में उस युवक का अपहरण हुआ ही नहीं था. युवक अपनी मां से नाराज होकर खुद घर से फरार हो गया था. जिसकी गुत्थी धमदाहा पुलिस ने सुलझा लिया है. शुक्रवार के दोपहर में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एसडीपीओ प्रेम सागर ने इस बात की जानकारी दी.एसडीपीओ ने बताया कि थाना क्षेत्र के चन्दरही हजारी टोला निवासी राजेंद्र मंडल का पुत्र जयनंदन मंडल बीते 10 सितंबर को अपने घर से से धमदाहा आया था जिसके बाद से युवक लापता हो गया था. परिजनों के द्वारा इस बात की जानकारी धमदाहा थाना में दिए जाने के बाद से ही गायब युवक का पता लगाने में जुट गई थी. लेकिन इसी बीच बुधवार को युवक के परिजनों ने धमदाहा मुख्य चौराहा पर सड़क जाम कर आगजनी किया. जिसके बाद प्रदर्शन स्थल पर सर्किल इंस्पेक्टर शिव शरण साह एवं थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार पासवान के द्वारा प्रदर्शन कारी को समझा बुझाकर शांत करवाया गया. एसडीपीओ ने बताया कि मौके की नजाकत को देखते हुए त्वरित कार्रवाई के लिए उनके नेतृत्व युवक का पता लगाने के लिए टीम गठित की गई. जिसके बाद धमदाहा थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार पासवान के द्वारा मामले की जांच शुरू कर दी गई. वैज्ञानिक अनुसंधान के क्रम में गायब युवक जयनंदन के मोबाइल का लोकेशन पश्चिम बंगाल आ रहा था. जयनंदन बार-बार अपना मोबाइल ऑन ऑफ कर रहा था. लेकिन धमदाहा थानाध्यक्ष बार युवक से संपर्क साधने की कोशिश में लगे हुए थे. मोबाइल ऑन होते ही 12 सितंबर की रात्रि में थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने जयनंदन के मोबाइल पर संपर्क साधा तो जयनंदन ने थानाध्यक्ष से बात करते हुए बताया कि मेरा कोइ अपहरण नहीं हुआ है. मैंने किताब खरीदने के लिए अपनी मां से एक सौ रुपए मांगा था. लेकिन मेरी मां ने मुझे रुपए नहीं दिए.इसी गुस्से में मैं रुपये कमाने के मकसद से घर से भाग कर कोलकता आ गया हूं. इसके बाद धमदाहा पुलिस ने जयनंदन को सारी घटना बताया एवं युवक को वापस घर आने को कहा. इसके बाद जयनंदन 14 सितंबर के सुबह पूर्णियां आया. जहां से धमदाहा पुलिस युवक को लेकर धमदाहा आई. पुलिस के समक्ष जयनंदन ने बताया कि मेरे परिवार की आर्थिक स्थिति काफी कमजोर है. जिस कारण मुझे काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था. जब भी मैं अपने माता-पिता से जरूरी का सामान खरीदने के लिए भी पैसे की मांग करता था, तो उसे निराशा ही मिलती थी. इसी सब से तंग होकर मैंने अपना घर छोड़ पैसा कमाने के लिए कोलकाता चला गया था. लेकिन वहां जाने के बाद मुझे थानाध्यक्ष द्वारा सारे मामले की जानकारी मिली जिसके बाद में वापस धमदाहा आ गया. एसडीपीओ ने बताया कि यह अपहरण का मामला नहीं था क्योंकि उस युवक का अपहरण हुआ ही नहीं था. वह अपनी स्वेच्छा से घर छोड़कर चला गया था. पुत्र के वापस धमदाहा आने के साथ उसके पिता थाने में ही उससे लिपट लिपट कर रोने लगे. युवक की बरामदगी के साथ परिजन समेत धमदाहा पुलिस ने भी राहत की सांस ली.

Comments

comments

x

Check Also

कटिहार:तकनीकी सहायकों के लिए काउंसलिंग कल,प्रतिनियुक्त किए गए दंडाधिकारी

तौक़ीर रज़ा कोसी टाइम्स@कटिहार पंचायती राज विभाग के अंतर्गत तकनीकी सहायकों के लिए 17 नवंबर को एवं लेखापाल-सह- आईटी सहायकों ...